चला गया है वो लेकिन निशान अब भी हैं

चला गया है वो लेकिन निशान अब भी हैं
कि उसके सोग में पसमांदगान अब भी हैं।

ये और बात कि रहना मेरा गवारा नहीं
तुम्हारे शहर में खाली मकान अब भी हैं।

हमें तो पहले भी तुम से गिला नहीं था कोई
और अब के है भी तो हम बेज़बान अब भी हैं।

ये इश्क़ है कि तुझे छोड़ भी नहीं सकते
वगरना तुझ से तो हम बदगुमान अब भी हैं।
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